प्रोन्नति मामलाः हाईकोर्ट ने रांची विश्वविद्यालय को प्रोन्नति के आवेदन पर निर्णय लेने का दिया आदेश

रांची। झारखंड हाईकोर्ट में व्याख्याता से रीडर पद पर प्रोन्नति की मांग वाली याचिका पर सुनवाई हुई। सुनवाई के बाद अदालत ने वादी को रांची विश्वविद्यालय में प्रोन्नति का आवेदन देने का निर्देश दिया है। सुनवाई के दौरान वादी की ओर से अदालत को बताया गया कि वह पीपीके कॉलेज, बुंडू में व्याख्याता हैं। उन्हें रीडर के पद पर प्रोन्नति दी जानी चाहिए।

इसके बाद अदालत ने वादी को रांची विश्वविद्यालय में आवेदन देने कहा। साथ ही अदालत ने रांची विश्वविद्यालय को कहा कि वादी के आवेदन पर विचार करें। अगर ऐसा प्रतीत होता है कि वादी को प्रोन्नति मिलनी चाहिए हैं तो विश्वविद्यालय उनकी प्रोन्नति की अनुशंसा जेपीएससी को भेजेंगा। अदालत ने इसके लिए रांची विश्वविद्यालय को आठ सप्ताह में निर्णय लेने का निर्देश दिया है। इसको लेकर सैयद अरशद असलम ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है।

दिव्यांग श्रेणी में नियुक्ति पर सरकार से मांगा जवाब

झारखंड हाईकोर्ट में छठी जेपीएससी में दिव्यांग श्रेणी में नियुक्ति की मांगा वाली याचिकाओं पर सुनवाई हुई। सुनवाई के बाद अदालत ने जेपीएससी और राज्य सरकार से जवाब मांगा है। मामले में अगली सुनवाई जनवरी में होगी। सुनवाई के दौरान वादी की ओर से अदालत को बताया गया कि दिव्यांग श्रेणी में इनकी नियुक्ति होनी चाहिए, लेकिन जेपीएससी ने ऐसा नहीं किया है।

इसे भी पढ़ेंः बोकोरो में भूखमरी से एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत पर झारखंड हाईकोर्ट ने लिया संज्ञान, सरकार से जवाब तलब

इस पर जेपीएससी के अधिवक्ता संजय पिपरवाल व प्रिंस कुमार सिंह की ओर से अदालत को बताया कि छठी जेपीएससी में दिव्यांग श्रेणी में रिक्त पद नहीं है इस कारण इनकी नियुक्ति नहीं की जा सकती है। इसके बाद अदालत ने राज्य सरकार और जेपीएससी से जवाब मांगा है। इसको लेकर निशा कुमारी और राहुल कुमार की ओर से हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है।

Most Popular

हाई कोर्ट की तल्ख टिप्पणी- ऑक्सीजन की कमी से संक्रमित मरीजों की मौत नरसंहार से कम नहीं

Uttar Pradesh: ऑक्सीजन संकट पर इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने एक सख्त टिप्पणी करते हुए अस्पतालों को ऑक्सीजन की आपूर्ति न होने से...

हाई कोर्ट ने निर्माण कंपनी से पूछा- रांची सदर अस्पताल में कितने दिनों में होगी ऑक्सीजन स्टोरेज टैंक की व्यवस्था

Ranchi: हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस डॉ रवि रंजन व जस्टिस एसएन प्रसाद की अदालत ने सदर अस्पताल में ऑक्सीजनयुक्त बेड शुरु होने...

हाई कोर्ट का महत्वपूर्ण फैसला, कहा- तलाक के मामले में फैमिली कोर्ट एक्ट सभी धर्मों पर होगा लागू; निचली कोर्ट को सुनवाई का अधिकार

Ranchi: झारखंड हाई कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए कहा है कि फैमिली कोर्ट एक सेक्युलर कोर्ट है। फैमिली कोर्ट एक्ट...

Oxygen Shortage: सुप्रीम कोर्ट की केंद्र सरकार को फटकार, कहा- नाकाम अफसरों को जेल में डालें या अवमानना के लिए रहें तैयार

New Delhi: Oxygen Shortage News: देश में लगातार बढ़ते कोरोना मरीजों के चलते राजधानी दिल्ली समेत देश भर में ऑक्सीजन के लिए...