रांची। झारखंड हाईकोर्ट ने लालू प्रसाद से रिम्स में इलाज के दौरान मिलने वाले लोगों की सूची नहीं देने पर कड़ी नाराजगी जताई है। हाईकोर्ट के जस्टिस अपरेश कुमार सिंह की अदालत ने इस मामले में सुनवाई करते हुए राज्य के कारा महानिरीक्षक और बिरसा मुंडा केंद्रीय कारा के अधीक्षक को शो कॉज किया है। अदालत ने दोनों से पूछा है कि अदालत के आदेश बाद भी लालू से मुलाकातियों और जेल मैनुअल के नियमों के पालन पर जानकारी क्यों नहीं दी गई।

इस संबंध में नौ अक्टूबर को हाईकोर्ट ने रिम्स से लालू प्रसाद की मेडिकल रिपोर्ट और जेल प्रशासन से मुलाकातियों पर रिपोर्ट मांगी थी। अदालत ने कारा महानिरीक्षक और बिरसा मुंडा जेल के अधीक्षक पूछा था कि तीन माह में लालू प्रसाद से कितने लोगों ने मुलाकात की है। क्या इन लोगों ने मुलाकात के लिए जेल प्रशासन से अनुमति ली थी या नहीं। लालू प्रसाद के मामले में जेल मैनुअल का पालन किया जा रहा या नहीं।

हालांकि इस दौरान रिम्स की ओर से मेडिकल रिपोर्ट अदालत में पेश की गई। इसमें बताया गया कि लालू प्रसाद की स्थिति गंभीर है। साथ ही लालू को शूगर, बीपी सहित अन्य बीमारियों की जानकारी दी गई। अदालत ने अब सभी मामलों पर सुनवाई 27 नवंबर को निर्धारित की है।