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हाईकोर्ट ने कहा- दाढ़ी पर प्रतिबंध लगाना गलत नहीं, पुल‍िस की हो सेक्युलर छव‍ि

Devesh Ananad
By Devesh Ananad On 25 Aug, 2021
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हाईकोर्ट ने कहा- दाढ़ी पर प्रतिबंध लगाना गलत नहीं, पुल‍िस की हो सेक्युलर छव‍ि
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Lucknow: इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने कहा है कि पुलिस बल में दाढ़ी रखना संवैधानिक अधिकार नहीं है। यह कहकर कोर्ट ने उत्तर प्रदेश पुलिस में दाढ़ी रखने पर रोक के खिलाफ दाखिल याचिका को खारिज कर दिया। हाईकोर्ट ने याचिका दाखिल करने वाले सिपाही के खिलाफ जारी निलंबन आदेश और आरोप पत्र में भी दखल देने से इंकार कर दिया है।

जस्‍ट‍िस राजेश सिंह चौहान की अदालत ने अयोध्या ज‍िले के खंडासा थाने में तैनात रहे सिपाही मोहम्मद फरमान की दो अलग-अलग याचिकाओं पर सुनवाई के दौरान उक्त आदेश पारित किया है। पहली याचिका में यूपी डीजीपी की ओर से 26 अक्टूबर 2020 को जारी सर्कुलर के साथ-साथ वादी ने अपने खिलाफ पुलिस उप महानिरीक्षक (डीआईजी) और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) अयोध्या की ओर से पारित निलंबन आदेश को चुनौती दी थी।

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वहीं दूसरी याचिका में विभागीय अनुशासनात्मक कार्यवाही में याचिकाकर्ता के खिलाफ जारी आरोप पत्र को चुनौती दी गई थी। वादी का कहना था कि संविधान में म‍िली धार्मिक स्वतंत्रता के अधिकार के तहत उसने मुस्लिम सिद्धांतों के आधार पर दाढ़ी रखी हुई है। याचिका का सरकारी वकील ने विरोध किया। उन्होंने दोनों ही याचिकाओं के गुण-दोष पर सवाल उठाए।

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अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद पारित अपने फैसले में कहा कि 26 अक्टूबर 2020 का सर्कुलर एक कार्यकारी आदेश है, जो पुलिस बल में अनुशासन को बनाए रखने के लिए जारी किया गया है। पुलिस बल को एक अनुशासित बल होना चाहिए और एक कानून प्रवर्तन एजेंसी होने के कारण इसकी छवि भी सेक्युलर होनी चाहिए।

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हाईकोर्ट ने कहा कि अपने एसएचओ (थाना प्रभारी) की चेतावनी के बावजूद दाढ़ी न कटवा कर याचिकाकर्ता ने उल्‍लंघन किया है। 12 अगस्त 2021 को याचिका को खारिज करते हुए पीठ ने अधिकारियों को याचिकाकर्ता के खिलाफ कानून के अनुसार विभागीय जांच पूरी करने का निर्देश दिया।

दरअसल प‍िछले साल यूपी के बागपत जिले में तैनात सब इंस्पेक्टर इंतसार अली की दाढ़ी पर विवाद हो गया था। बागपत के रमाला थाने में तैनात सब इंस्पेक्टर इंतसार अली को 20 अक्टूबर को एसपी बागपत अभिषेक सिंह ने निलंबित कर दिया था। आरोप था कि सब इंस्पेक्टर इंतसार अली ने बिना परमिशन और सर्विस रूल्स का उल्लंघन करते हुए दाढ़ी बढ़ा ली।

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लगातार चेतावनियों के बाद भी वह नहीं संभले और दाढ़ी लंबी करते रहे। आखिरकार पुलिस विभाग के नियमों/निर्देशों का पालन न करने पर एसपी बागपत अभिषेक सिंह ने इंतसार को सस्पेंड कर दिया था। हालांक‍ि जब उन्होंने दाढ़ी कटवाई तो बहाल कर दिया गया था।

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देवेश आनंद को पत्रकारिता जगत का 15 सालों का अनुभव है। इन्होंने कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थान में काम किया है। अब वह इस वेबसाइट से जुड़े हैं।

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