दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने बंगलों के लिए पूर्व मुख्यमंत्रियों द्वारा किराए का भुगतान न करने के मामले में केंद्रीय मंत्री रमेश पोखरियाल के खिलाफ हाईकोर्ट की अवमानना की कार्यवाही पर रोक लगा दी। जस्टिस आरएफ नरीमन की अदालत ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री पोखरियाल की ओर से दाखिल याचिका पर सुनवाई करते हुए अवमानना की कार्यवाही पर रोक लगा दी।

गौरतलब है कि उत्तराखंड हाईकोर्ट ने पिछले साल तीन मई को राज्य के मुख्यमंत्रियों को पद छोड़ने के बाद से जितने दिन सरकारी आवास में रहे, उस अवधि का बाजार दर से किराया देने का आदेश दिया था। हाईकोर्ट ने राज्य के पूर्व मुख्यमंत्रियों को आवास और अन्य सुविधाएं प्रदान करने के संबंध में 2001 से सभी सरकारी आदेशों को अवैध और असंवैधानिक घोषित कर दिया था।

अदालत ने राज्य द्वारा पूर्व मुख्यमंत्रियों को प्रदान की जाने वाली बिजली, पानी, पेट्रोल, तेल, जैसी सुविधाओं के लिए देय और भुगतान की जाने वाली पूरी राशि का राज्य सरकार द्वारा आदेश की तिथि से चार महीने के अंदर हिसाब किताब करने का निर्देश दिया था। इसके खिलाफ केंद्रीय मंत्री रमेश पोखरियाल ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल कर हाईकोर्ट की अवमाननना की कार्यवाही को चुनौती दी थी।