Ranchi News: सदर अनुमंडल दंडाधिकारी (एसडीओ) कार्यालय द्वारा दो दर्जन से अधिक अधिवक्ताओं को कारणपृच्छा नोटिस जारी किए जाने के विरोध में रांची जिला बार एसोसिएशन का तीन दिवसीय न्यायिक कार्य बहिष्कार मंगलवार को पहले ही दिन पूरी तरह सफल रहा। आंदोलन के चलते अदालती कामकाज पूरी तरह ठप पड़ा रहा। मंगलवार को पुराने बार भवन में दिनभर ताला लटका रहा, वहीं नए बार भवन में कुछ अधिवक्ता पहुंचे जरूर, लेकिन किसी ने भी न्यायिक कार्य में भाग नहीं लिया। आंदोलन का असर इतना व्यापक रहा कि अधिवक्ताओं ने शपथपत्र (एफिडेविट) बनाने का काम भी पूरी तरह बंद रखा, जिससे दूर-दराज से आए पक्षकारों को बैरंग लौटना पड़ा या इंतजार करना पड़ा।

दूसरे दिन भी बंद रहेंगे दोनों बार भवन बार एसोसिएशन की एडहॉक कमेटी के सदस्य संजय कुमार विद्रोही ने बताया कि आंदोलन के दूसरे दिन बुधवार को भी न्यायिक कार्य का पूर्ण बहिष्कार रहेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि नया और पुराना दोनों बार भवन बंद रहेंगे। एडहॉक कमेटी के सदस्य संजय कुमार विद्रोही ने बताया कि आंदोलन दूसरे दिन बुधवार को भी जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि पुराना और नया, दोनों बार भवन बंद रहेंगे तथा सभी अधिवक्ताओं से न्यायिक कार्य से दूर रहने की अपील की गई है। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन अधिवक्ताओं के सम्मान और एकता की रक्षा के लिए है। उन्होंने सभी अधिवक्ताओं से एकजुट रहने की अपील करते हुए कहा, “अधिवक्ता एकता जिंदाबाद।”
“यह आंदोलन अधिवक्ताओं के सम्मान और स्वाभिमान की रक्षा के लिए है। सभी अधिवक्ता एकजुट होकर इसे सफल बनाएं— अधिवक्ता एकता जिंदाबाद।”
— संजय कुमार विद्रोही, सदस्य (एडहॉक कमेटी, RDBA)
आगे की रणनीति पर रहेगी नज़र उल्लेखनीय है कि एसडीओ कोर्ट के नोटिस के विरोध में आयोजित आमसभा में सर्वसम्मति से तीन दिनों के कार्य बहिष्कार का निर्णय लिया गया था। बार एसोसिएशन का कहना है कि जब तक इस मामले में संतोषजनक समाधान नहीं निकलता, तब तक आगे की रणनीति तय कर आंदोलन को और तेज किया जाएगा।

