processApi - method not exist
Home high court news JPSC AE Exam: हाईकोर्ट ने माना- आर्थिक रूप से कमजोर सवर्णों को...

JPSC AE Exam: हाईकोर्ट ने माना- आर्थिक रूप से कमजोर सवर्णों को आरक्षण देना सरकार का अधिकार, एकलपीठ का आदेश निरस्त

Ranchi: JPSC AE Exam झारखंड हाईकोर्ट (Jharkhand High Court) से सहायक अभियंता नियुक्ति में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिली है। हाईकोर्ट के आदेश के बाद सहायक अभियंता नियुक्ति का रास्ता साफ हो गया है। हाईकोर्ट के जस्टिस रंगोन मुखोपाध्याय व जस्टिस राजेश शंकर की अदालत में सहायक अभियंता नियुक्ति (Assistant Engineer Appointment) के विज्ञापन को रद करने के एकलपीठ के आदेश को निरस्त कर दिया है।

17 जुलाई को इस मामले में राज्य सरकार और जेपीएससी की ओर से बहस पूरी कर ली गई। जिसके बाद अदालत ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। शुक्रवार को अदालत ने अपना फैसला सुनाते हुए माना कि सरकार की ओर से आर्थिक रूप से कमजोर सवर्णों को दस प्रतिशत आरक्षण देना सही है। अदालत ने इसे राज्य सरकार का अधिकार मानते हुए एकलपीठ के आदेश को निरस्त कर दिया।

दरअसल, एकलपीठ ने 21 जनवरी 2021 को सहायक अभियंता नियुक्ति के लिए जेपीएससी की ओर से जारी विज्ञापन को रद कर दिया था। अदालत ने अपने आदेश में कहा था कि जब वर्ष 2019 में सरकार ने उक्त वर्ग के लोगों को 10 प्रतिशत आरक्षण देने का निर्णय लिया है तो यह नियुक्ति पर उसी साल से लागू होगी ना कि पिछले साल से। प्रार्थी रंजीत कुमार साह ने सहायक अभियंता की नियुक्ति को चुनौती देते हुए कहा था कि सहायक अभियंता नियुक्ति वर्ष 2015 से लेकर 2019 तक की है।

इसे भी पढ़ेंः झारखंड विधानसभा में नमाज कक्ष आवंटन के खिलाफ हाईकोर्ट में एक और जनहित याचिका दाखिल

इस मामले की सुनवाई के लिए हाईकोर्ट ने विशेष खंडपीठ का गठन किया गया है। सुनवाई के दौरान राज्य सरकार की ओर से कहा गया कि जब भी कोई नया नियम बनता है तो उसे नियुक्ति प्रक्रिया में उसी प्रकार लागू किया जाता है। भले ही वह नियम लागू होने से पूर्व की रिक्तियां हो। इसके अलावा राज्य सरकार को इसका अधिकार है कि पुरानी रिक्तियों को नई नियुक्ति बनाकर उक्त नियम को लागू कर सकती है।

इसी आधार पर राज्य सरकार ने सहायक अभियंता नियुक्ति के विज्ञापन में आर्थिक रूप से कमजोर सवर्णों को दस प्रतिशत का आरक्षण दिया था। लेकिन एकल पीठ ने यह कहते हुए विज्ञापन को रद कर दिया था कि जब से नियम लागू होता है, उससे पहले की रिक्त पदों पर उसका लाभ नहीं दिया जा सकता है। इसलिए एकलपीठ का आदेश गलत है। जेपीएससी की ओर से संजय पिपरवाल और प्रिंस कुमार सिंह ने पक्ष रखते हुए कहा कि प्रार्थी ने आवेदन देने के बाद हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है।

इसलिए नियमानुसा एकल पीठ में उक्त याचिका सुनवाई योग्य ही नहीं थी। बता दें कि एकल पीठ के आदेश के खिलाफ राज्य सरकार और जेपीएससी ने अपील दाखिल की है। इस मामले में एकलपीठ के आदेश के बाद मुख्य परीक्षा पर अगले आदेश तक रोक लगा दी गई थी। अब हाईकोर्ट के आदेश के बाद फिर से सहायक अभियंता नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू करते हुए मुख्य परीक्षा आयोजित की जाएगी।

RELATED ARTICLES

7th JPSC Exam: प्रारंभिक परीक्षा में आरक्षण देने के मामले में हाईकोर्ट ने जेपीएससी और सरकार से मांगा जवाब

Ranchi: 7th JPSC Exam झारखंड हाईकोर्ट के जस्टिस डॉ एसएन पाठक की अदालत में सातवीं जेपीएससी की प्रारंभिक परीक्षा में आरक्षण देने...

7th JPSC Exam: ओएमआर शीट सही से नहीं भरने पर नहीं मिलेगा अंक, हाईकोर्ट ने खारिज की याचिका

Ranchi: 7th JPSC Exam झारखंड हाईकोर्ट के जस्टिस डॉ एसएन पाठक की अदालत में सातवीं से दसवीं जेपीएससी परीक्षा में कम अंक...

7th JPSC Exam: मुख्य परीक्षा पर रोक की मांग पर हाईकोर्ट में बहस पूरी, 25 जनवरी को आएगा फैसला

Ranchi: 7th JPSC Exam सातवीं से दसवीं जेपीएससी की मुख्य परीक्षा पर रोक लगाने से की मांग वाली याचिका पर झारखंड हाईकोर्ट...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

7th JPSC Exam: प्रारंभिक परीक्षा में आरक्षण देने के मामले में हाईकोर्ट ने जेपीएससी और सरकार से मांगा जवाब

Ranchi: 7th JPSC Exam झारखंड हाईकोर्ट के जस्टिस डॉ एसएन पाठक की अदालत में सातवीं जेपीएससी की प्रारंभिक परीक्षा में आरक्षण देने...

7th JPSC Exam: ओएमआर शीट सही से नहीं भरने पर नहीं मिलेगा अंक, हाईकोर्ट ने खारिज की याचिका

Ranchi: 7th JPSC Exam झारखंड हाईकोर्ट के जस्टिस डॉ एसएन पाठक की अदालत में सातवीं से दसवीं जेपीएससी परीक्षा में कम अंक...

7th JPSC Exam: मुख्य परीक्षा पर रोक की मांग पर हाईकोर्ट में बहस पूरी, 25 जनवरी को आएगा फैसला

Ranchi: 7th JPSC Exam सातवीं से दसवीं जेपीएससी की मुख्य परीक्षा पर रोक लगाने से की मांग वाली याचिका पर झारखंड हाईकोर्ट...

Maithili Language: मैथिली भाषा को परीक्षाओं में शामिल करने की मांग को लेकर जनहित याचिका दाखिल

Ranchi: Maithili language द्वितीय राजभाषा का दर्जा प्राप्त मैथिली भाषा को राज्य की प्रतियोगी परीक्षाओं में सम्मिलित किए जाने की मांग को...