Ranchi News: झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार (JHALSA) के निर्देश पर रांची जिला विधिक सेवा प्राधिकार (DLSA) की देखरेख में शनिवार को नगड़ी, रातू, हेसाग और चिरौंदी स्थित विभिन्न वृद्धा आश्रमों में रह रहे वरिष्ठ नागरिकों के बीच आवश्यक सामग्री वितरित की गई। कार्यक्रम का नेतृत्व न्यायिक आयुक्त-सह-अध्यक्ष, DLSA रांची तथा सचिव रवि कुमार भास्कर ने किया। नगड़ी ओल्ड-एज-होम में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में झारखंड उच्च न्यायालय के न्यायाधीश-सह-JHALSA के कार्यकारी अध्यक्ष न्यायमूर्ति सुजित नारायण प्रसाद स्वयं उपस्थित रहे। उन्होंने वृद्ध माताओं-पिताओं को अपने हाथों से स्वेटर, कंबल, जूते, पानी की बोतल, ड्राई फूड और वाकिंग स्टिक वितरित किए। उन्होंने कहा कि वृद्धजनों की सेवा ही ईश्वर सेवा है, और समाज को उनके सम्मान एवं देखभाल की जिम्मेदारी निभानी चाहिए। जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद ने शनिवार को विधिक जागरूकता कार्यक्रम के तहत वरीय नागरिकों के लिए विहार समाज कल्याण संस्थान, नगड़ी में मदर टेरेसा क्लिनिक का उद्घाटन किया। इस क्लिनिक के शुरू होने से वृद्धा आश्रम में रह रहे वरिष्ठ नागरिकों को समय पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध हो सकेगी। इस अवसर पर जस्टिस प्रसाद ने कहा कि जरूरतमंद वरीय नागरिकों को समय पर स्वास्थ्य सेवाएं मिलना अत्यंत आवश्यक है।
कार्यक्रम में JHALSA की सदस्य सचिव कुमारी रंजना अस्थाना, रांची के उपायुक्त मंजुनाथ भजंत्री, JHALSA के उप-सचिव अभिषेक कुमार, DLSA सचिव रवि कुमार भास्कर, न्यायिक दंडाधिकारी एकता सक्सेना और पीएलवी टीम सहित कई अधिकारी मौजूद रहे। वृद्धजनों को अटल पेंशन योजना तथा आयुष्मान कार्ड से भी जोड़ा गया। चिरौंदी ओल्ड-एज-होम में 13 बुजुर्गों को ठंड से बचाव संबंधी सामग्री प्रदान की गई। हेसाग स्थित आश्रम में 26 वृद्ध माताओं को स्वेटर-चप्पल तथा 7 लोगों को श्रवण यंत्र दिए गए। रातू स्थित रामावती वृद्धाश्रम में भी स्वेटर, कंबल, जूते एवं ड्राई फूड वितरित किए गए। JHALSA अधिकारियों ने कहा कि वृद्धजन समाज की धरोहर हैं और प्राधिकार आगे भी उनके लिए ऐसे कल्याणकारी कार्यक्रम जारी रखेगा।

