high court news

HC News: आदिवासियों की CNT जमीन चर्च और क्रिश्चियन सोसायटियों को ट्रांसफर करने के खिलाफ PIL पर सुनवाई, 4 जिलों के DC से जवाब तलब

CourtNews Desk
By CourtNews Desk On 09 Jun, 2026
1 min read • 1.2k views
WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
HC News: आदिवासियों की CNT जमीन चर्च और क्रिश्चियन सोसायटियों को ट्रांसफर करने के खिलाफ PIL पर सुनवाई, 4 जिलों के DC से जवाब तलब
WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

Ranchi News: झारखंड हाई कोर्ट में राज्य के विभिन्न जिलों में आदिवासियों की छोटानागपुर काश्तकारी अधिनियम (CNT) की जमीन बड़े पैमाने पर क्रिश्चियन सोसायटियों और चर्च को हस्तांतरित (ट्रांसफर) किए जाने के खिलाफ दायर जनहित याचिका (PIL) पर मंगलवार को सुनवाई हुई। कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कड़ा रुख अपनाया है।

हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस महेश शरद चंद्र सोनक और जस्टिस राजेश शंकर की खंडपीठ ने इस मामले में राज्य सरकार, झारखंड राज्य अनुसूचित जाति-जनजाति आयोग, और चार प्रमुख जिलों—खूंटी, गुमला, सिमडेगा तथा पश्चिमी सिंहभूम के उपायुक्तों (DC) को नोटिस जारी कर विस्तृत जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है। अदालत ने इन सभी को मामले में प्रतिवादी बनाया है।

See also  जस्टिस एमएस रामचंद्र राव होंगे झारखंड हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस, कोलेजियम ने केंद्र को भेजी सिफारिश

साजिश के तहत बदली जा रही डेमोग्राफी: प्रार्थी

सुनवाई के दौरान प्रार्थी विष्णु साहू की ओर से अदालत को बताया गया कि राज्य में एक सोची-समझी साजिश के तहत आदिवासियों की कीमती सीएनटी (CNT) जमीन अवैध रूप से क्रिश्चियन सोसायटियों और चर्चों के नाम ट्रांसफर की जा रही है, जो पूरी तरह से नियम विरुद्ध है।

याचिकाकर्ता ने दलील दी कि इस अवैध जमीन हस्तांतरण के कारण इन आदिवासी बहुल जिलों की डेमोग्राफी (जनसांख्यिकी) तेजी से बदल रही है। मूल आदिवासी जिलों का स्वरूप प्रभावित हो रहा है। प्रार्थी ने अदालत से आग्रह किया कि इस अवैध हस्तांतरण पर तुरंत रोक लगाई जाए और जो जमीनें अब तक ट्रांसफर की जा चुकी हैं, उन्हें इस अवैध कब्जे से मुक्त कराया जाए।

See also  CC News: दो-दो चेक बाउंस मामलों में पवन कुमार सिंह को झटका, सजा बरकरार, दोनों अपील खारिज

दो सप्ताह बाद होगी अगली सुनवाई

हाई कोर्ट ने मामले में उठाए गए बिंदुओं को अत्यंत गंभीर मानते हुए सभी संबंधित अधिकारियों को नोटिस तामील करने और अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया है। अदालत अब इस बेहद संवेदनशील मामले पर दो सप्ताह बाद अगली सुनवाई करेगी।

CourtNews Desk

1,848 articles published
WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
CourtNews Desk

CourtNews Desk

Bringing you the latest news and in-depth analysis from around the world.

Leave a Comment