Kerala High Court

ED Case: मुश्किल में केरलम के पूर्व सीएम विजयन, हाई कोर्ट ने भ्रष्टाचार के मामले में FIR दर्ज करने के दिए आदेश

Devesh Ananad
By Devesh Ananad On 10 Oct, 2026
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ED Case: Former Kerala CM Vijayan in trouble; High Court orders registration of FIR in corruption case.
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तिरुवनंतपुरम। हाई कोर्ट के ED Case में दिए गए आदेश के बाद केरलम की राजनीति में सरगर्मी तेज हो गई है। केरल हाई कोर्ट ने राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन, उनकी बेटी टी. वीणा और दामाद पीए मोहम्मद रियास के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत तुरंत FIR दर्ज करने का सख्त आदेश दिया है।

बता दें कि यह पूरा मामला एक निजी माइनिंग फर्म ‘कोचीन मिनरल्स एंड र्यूटाइल लिमिटेड’ (CMRL) और पूर्व सीएम की बेटी टी. वीणा की आईटी कंपनी ‘एक्सलॉजिक सॉल्यूशंस’ के बीच हुए विवादित वित्तीय लेन-देन से जुड़ा है।

ED ने किए थे चौंकाने वाले खुलासे

मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच के दौरान चौंकाने वाले खुलासे किए थे। जांच में सामने आया कि एक्सलॉजिक कंपनी को बिना कोई सेवा दिए ही करोड़ों रुपये मंथली पेमेंट के रूप में मिले थे।

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ईडी ने राज्य के अधिकारियों को जो सबूत सौंपे, उनमें अवैध फंड ट्रांसफर की बात सामने आई, जिसमें 85 लाख रुपये विदेश भेजे गए और 20 करोड़ रुपये से ज्यादा की रकम स्थानीय स्तर पर बांटी गई, जिसके दस्तावेज जब्त किए गए हैं।

हाई कोर्ट ने सरकार के बचाव को नकारा

हालांकि इससे पहले केरलम के गृह विभाग ने तर्क दिया था कि क्राइम ब्रांच द्वारा शुरुआती जांच ही काफी है और सीधे एफआईआर दर्ज करना कानूनी रूप से अनिवार्य नहीं है। याचिकाकर्ता और विरोधियों ने आरोप लगाया था कि राज्य सरकार इस मामले में लीपापोती करने और बड़े राजनीतिक चेहरों को बचाने की कोशिश कर रही है।

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ऐसे में सुनवाई के दौरान जस्टिस ए. बदरुद्दीन की सिंगल बेंच ने इस दलील को खारिज करते हुए कहा कि संघीय एजेंसियों की तरफ से जुटाए गए सबूतों की गंभीरता को देखते हुए राज्य अधिकारियों का यह कर्तव्य बनता है कि वे टालमटोल करने के बजाय तुरंत औपचारिक एफआईआर दर्ज करें।

केंद्रीय जांच एजेंसियों को मिलेगी मजबूती

गौरतलब है कि केरल हाई कोर्ट के इस फैसले से केंद्रीय जांच एजेंसियों जैसे ED का रास्ता साफ हो गया है। अब तक राज्य पुलिस द्वारा मूल अपराध का मामला दर्ज न होने के कारण ईडी को पूर्व सीएम पिनाराई विजयन और मोहम्मद रियास को अपने मामलों में आधिकारिक तौर पर आरोपी बनाने में तकनीकी अड़चनें आ रही थीं। ऐसे में अब एफआईआर दर्ज होने के बाद ईडी और अन्य एजेंसियां इस हाई-प्रोफाइल मामले में अपनी जांच को और तेजी से आगे बढ़ा सकेंगी।

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देवेश आनंद को पत्रकारिता जगत का 15 सालों का अनुभव है। इन्होंने कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थान में काम किया है। अब वह इस वेबसाइट से जुड़े हैं।

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