Ranchi News: कांके थाना कांड संख्या 298/2021 से जुड़े दहेज प्रताड़ना और घरेलू हिंसा के एक मामले में ससुराल पक्ष के छह रिश्तेदारों को अदालत से बड़ी राहत मिली है। रांची के न्यायायुक्त (Judicial Commissioner) अनिल कुमार मिश्रा की अदालत ने सास समेत सभी छह आरोपियों की अग्रिम जमानत याचिका (Anticipatory Bail) स्वीकार कर ली है। अदालत से राहत पाने वालों में फूला देवी (सास), जुगल किशोर सिंह, राजेश सिंह, अमित सिंह उर्फ दीपु सिंह, चितरंजन सिंह और अनीता सिंह शामिल हैं।
क्या है पूरा मामला?
शिकायतकर्ता द्वारा दर्ज कराई गई प्राथमिकी के अनुसार:
- उसकी शादी वर्ष 2006 में मनोरंजन सिंह के साथ हुई थी।
- आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद ही ससुराल वालों ने उसके सारे गहने अपने कब्जे में ले लिए और अतिरिक्त दहेज की मांग को लेकर शारीरिक व मानसिक रूप से प्रताड़ित करने लगे।
- पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि गर्भावस्था (Pregnancy) के दौरान भी ससुराल पक्ष ने उसकी बुनियादी देखभाल नहीं की और उसे बार-बार मायके भेज दिया। अंततः, अगस्त 2021 में उसके साथ मारपीट कर उसे ससुराल से जबरन निकाल दिया गया।
कोर्ट में बचाव पक्ष की दलीलें
सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष के वकील ने अदालत को बताया कि अग्रिम जमानत की गुहार लगाने वाले मुख्य आरोपी (पति) नहीं हैं। याचिकाकर्ता मृतक/पीड़िता के सास, देवर और देवरानी जैसे दूर के रिश्तेदार हैं। प्राथमिकी में उनके खिलाफ कोई विशिष्ट (Specific) आरोप नहीं है, बल्कि केवल सामान्य और सामूहिक (Omnibus) आरोप लगाए गए हैं। वकील ने यह भी तर्क दिया कि ये सभी रिश्तेदार पति-पत्नी से अलग रसोई में रहते थे और उनके खिलाफ दहेज मांगने का कोई सीधा साक्ष्य नहीं है।
अदालत का रुख:
न्यायालय ने पाया कि दोनों पक्षों के बीच पिछले कई सालों से वैवाहिक विवाद (Matrimonial Dispute) चल रहा है। इसके अलावा, सास और अन्य रिश्तेदारों पर लगाए गए आरोप पूरी तरह से सामान्य प्रकृति के हैं। अदालत ने यह भी माना कि इस मामले में आरोपियों को जेल भेजने या हिरासत में लेकर पूछताछ (Custodial Interrogation) करने की कोई आवश्यकता नहीं है। इसी आधार पर अदालत ने सभी छह आरोपियों की अग्रिम जमानत मंजूर कर ली।

