Ranchi: । झारखंड हाईकोर्ट ने 522.91 करोड़ रुपये से अधिक के जीएसटी घोटाले में गिरफ्तार आरोपी अमित गुप्ता की जमानत याचिका खारिज कर दी है। ईडी (प्रवर्तन निदेशालय) की जांच में अमित गुप्ता पर आरोप है कि वह 135 शेल कंपनियों के जरिये फर्जी इनवॉइस, अवैध इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) और फर्जी ई-वे बिल तैयार कर सरकारी खजाने को भारी नुकसान पहुंचाने वाले संगठित सिंडिकेट का प्रमुख समन्वयक था।
अमित गुप्ता ने अपनी दलील में कहा था कि उसकी गिरफ्तारी अवैध है और उसे लिखित रूप से गिरफ्तारी के आधार नहीं दिए गए। हालांकि, ईडी की ओर से बताया गया कि गिरफ्तारी ज्ञापन और ग्राउंड्स ऑफ अरेस्ट पर स्वयं आरोपी के हस्ताक्षर मौजूद हैं, जिससे स्पष्ट है कि गिरफ्तारी विधिक प्रक्रिया के पूर्ण पालन के बाद की गई।
जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद की अदालत ने कहा कि प्रार्थी यह साबित करने में असफल रहा कि उसे अपराध से जोड़ने के लिए पर्याप्त आधार नहीं है। कोर्ट ने माना कि आरोपी पर लगे आरोप अत्यंत गंभीर प्रकृति के हैं, जो देश की आर्थिक एवं वित्तीय प्रणाली की नींव को कमजोर करते हैं। अदालत ने सभी तथ्यों और उपलब्ध साक्ष्यों पर विचार करते हुए जमानत याचिका को खारिज कर दिया।