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सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणीः निजी हित रखने वाला नहीं दाखिल कर सकता पीआईएल

Devesh Ananad
By Devesh Ananad On 14 Oct, 2021
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New Delhi: Supreme Court सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि किसी पद के लिए प्रत्याशी इससे संबंधित मामले में जनहित याचिका दाखिल नहीं कर सकता है। इस टिप्पणी के साथ ही शीर्ष अदालत ने राज्य सूचना आयुक्तों की पेंशन से संबंधित मामले में कर्नाटक हाई कोर्ट के एक आदेश के खिलाफ दायर याचिका खारिज कर दी।

शीर्ष अदालत ने कहा कि याचिकाकर्ता जिसने राज्य के जनवरी 2013 के कार्यालयी ज्ञापन को चुनौती देते हुए हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था, वह खुद पद का प्रत्याशी था। ज्ञापन में राज्य के सूचना आयुक्तों को मुख्य सचिव की पेंशन के बराबर पेंशन देने का प्रविधान किया गया था।

जस्टिस इंदिरा बनर्जी और जस्टिस जेके माहेश्वरी की पीठ ने कहा कि चूंकि याचिकाकर्ता भी राज्य सूचना आयुक्त पद का प्रत्याशी है और रोजगार की मांग के लिए उसने एक आवेदन किया था, जिसका जिक्र हाई कोर्ट के फैसले में है। हमें लगता है कि उसकी ओर से कथित तौर पर जनहित के नाम दायर याचिका पर हाई कोर्ट ने सुनवाई से इन्कार कर सही फैसला किया है।

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पीठ ने एक अक्टूबर को दिए अपने आदेश में कहा कि यह एकदम सही है कि किसी पद का प्रत्याशी व्यक्ति उस संबंध में जनहित याचिका दायर नहीं कर सकता। शीर्ष अदालत, हाई कोर्ट द्वारा जुलाई में सुनाए गए एक फैसले के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई कर रही थी। जुलाई में हाई कोर्ट ने उसकी याचिका पर सुनवाई से इन्कार कर दिया था।

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याचिकाकर्ता ने हाई कोर्ट में दलील थी कि सूचना के अधिकार अधिनियम 2005 के तहत राज्य सूचना आयुक्तों को पेंशन लाभ देने का कोई प्रविधान नहीं है। अगर कोई व्यक्ति राज्य सूचना आयुक्त के रूप में अपनी नियुक्ति से पहले किसी पेंशन योग्य पद पर तैनात था, तो ही वे पेंशन के हकदार हैं।

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हाई कोर्ट ने इस पर जनवरी 2013 के आदेश का जिक्र किया, जिसमें कहा गया था कि राज्य सूचना आयुक्त, मुख्य सचिव को देय पेंशन के बराबर भुगतान हकदार होंगे, जिसके तहत उनकी पिछली सेवा के लिए उन्हें मिलने वाली पेंशन में कटौती की जाएगी।

हाई कोर्ट में मामले की सुनवाई के दौरान राज्य सरकार ने बताया था कि याचिकाकर्ता राज्य सूचना आयुक्त के पद का प्रत्याशी था और उसने नियुक्ति के लिए एक आवेदन किया था। नियुक्ति के लिए उपयुक्त नहीं पाए जाने पर उसका आवेदन अस्वीकार कर दिया गया था।

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देवेश आनंद को पत्रकारिता जगत का 15 सालों का अनुभव है। इन्होंने कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थान में काम किया है। अब वह इस वेबसाइट से जुड़े हैं।

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