Ranchi: सिविल कोर्ट रांची के पॉक्सो मामले में विशेष न्यायाधीश की अदालत ने सोमवार को नाबालिग के साथ गैंगरेप के जघन्य मामले में चार अभियुक्तों—दीपक कुमार, नितेश कुमार, बंटी तिर्की और गोपाल कोइरी—को अंतिम सांस तक कारावास (Life Imprisonment Till Natural Life) की कठोर सजा सुनाई है। अदालत ने सभी दोषियों पर 25-25 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। अदालत ने 20 नवंबर को आरोपियों को दोषी करार दिया था। सजा निर्धारण के दौरान एफएसएल रिपोर्ट को निर्णायक माना गया, जिसमें पीड़िता के अंडरगारमेंट्स पर चारों युवकों के डीएनए साक्ष्य पाए गए। इन्हीं ठोस वैज्ञानिक सबूतों के आधार पर यह कठोरतम सजा सुनाई गई। एक अन्य आरोपी नाबालिग है, जिसका मामला बाल न्यायालय में विचाराधीन है।
घटना का विवरण:
अभियोजन के अनुसार, पीड़िता का अभियुक्त दीपक कुमार से पूर्व परिचय था। 2 अक्टूबर 2023 को दीपक उसे मिलने के लिए धुर्वा डैम बुलाकर खूंटी रोड स्थित डियर पार्क ले गया, जहां उसने पहली बार शारीरिक संबंध बनाया। इसके बाद दीपक ने अपने दोस्तों को बुलाया और सभी ने मिलकर पीड़िता को दशम फॉल ले जाने का दबाव बनाया। मना करने के बावजूद चारों युवकों ने घुमाने के बहाने उसे वहां ले जाकर सामूहिक दुष्कर्म किया। 3 अक्टूबर की सुबह दीपक ने पीड़िता को धुर्वा डैम के पास छोड़ दिया। घर पहुंचने पर पीड़िता ने परिजनों को घटना बताई, जिसके बाद धुर्वा थाना में मामला दर्ज हुआ। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया था।

