Ranchi: नगड़ी की जमीन बचाने को लेकर राजभवन का घेराव मामले को लेकर पूर्व मंत्री बंधु तिर्की, विधायक अरूप चटर्जी समेत 10 आरोपियों को अदालत ने 15 सितंबर को पर्याप्त साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया है। MP/ MLA की विशेष अदालत ने पूर्व मंत्री बंधु तिर्की, विधायक अरूप चटर्जी, पूर्व संसद सालखन मुर्मू, पूर्व विधायक विनोद कुमार सिंह, समाजसेवी दयामनी बारला, नन्दी कच्छप, किशोर महतो, राजेंद्र महतो, सजाद अंसारी, और समनुर मंसूरी को साक्ष्य के अभाव में बरी किया। सुनवाई को दैरान अभियोजन पक्ष ने 6 चार्जशीटेड गवाह मे से 5 गवाह को पेश किया गया था। आईओ की गवाही नहीं हो पाई।
कारण वह मानसिक रूप से अस्वस्थ्य है। मामला साल 2012 का है, जिसमें नगड़ी की जमीन के अधिग्रहण के खिलाफ पूर्व मंत्री बंधु तिर्की, विधायक अरूप चटर्जी समेत कई सामाजिक संगठनों के द्वारा जनआंदोलन किया गया था। जमीन बचाने को लेकर राजभवन घेराव किया गया था। जिसमें से 27 लोगों के खिलाफ थाना में कांड कंख्या संख्या 609/2012 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी। मामले में बंधु तिर्की समेत 10 पर आरोप गठित किया गया था। बता दें कि नगड़ी की जिस जमीन को लेकर साल 2012 में जनांदोलन किया था, उसी जमीन को बचाने के लिए मौजूदा समय में भी आंदोलन किया जा रहा है।

