हाईकोर्ट ने कहा- कोरोना को लेकर नीतीश सरकार गंभीर नहीं, तीसरी लहर की तैयारी का जिलावार ब्योरा दे सरकार

पटना हाईकोर्ट (Patna High Court) ने कोरोना मामले की सुनवाई के दौरान कहा कि ऐसा लगता है कि अब राज्य सरकार (Bihar Government) कोरोना (Corona) को लेकर गम्भीर नहीं है।

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Patna high court

Patna: पटना हाईकोर्ट (Patna High Court) ने कोरोना मामले की सुनवाई के दौरान कहा कि ऐसा लगता है कि अब राज्य सरकार (Bihar Government) कोरोना (Corona) को लेकर गम्भीर नहीं है। कोर्ट ने कहा कि कोरोना से बचाव के लिए मास्क पहनना तथा सामाजिक दूरी बनाए रखना मुख्य है, लेकिन प्रदेश में इसका पालन नहीं हो रहा है। कोर्ट ने इसे सख्ती से पालन कराने का आदेश राज्य सरकार को दिया। वहीं स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव को वैक्सीन के बारे में पूरी जानकारी देने का आदेश दिया।

अदालत ने कहा कि राज्य के लोगों के टीकाकरण के लिए वैक्सीन की क्या स्थिति है, इस बारे में कुछ नहीं बताया गया है। कोर्ट ने सरकार से जानना चाहा कि मौजूदा समय में राज्य में वैक्सीन की कितनी डोज उपलब्ध है। कितनी डोज और चाहिए, यह जानकारी दें। ताकि केंद्र सरकार को वैक्सीन देने का निर्देश दिया जा सके।

हाई कोर्ट मुख्य न्यायाधीश संजय करोल तथा जस्टिस एस कुमार की खंडपीठ ने सुनवाई की। राज्य सरकार की ओर से कोर्ट को बताया गया कि राज्य में 71% लोगों का टीकाकरण हो गया है। इस पर कोर्ट ने जानना चाहा कि कितने लोगों को फर्स्ट डोज और कितने को दोनों डोज दी गई है। कोर्ट ने राज्य सरकार को अगली सुनवाई में पूरी जानकारी देने को कहा।

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राज्य सरकार की ओर से कोरोना पर दिये गये हलफनामा पर कोर्ट ने असंतोष जाहिर किया। वैक्सीनेशन से लेकर संक्रमितों की संख्या का सही-सही ब्योरा देने को कहा। सरकार की ओर से कोर्ट को बताया गया कि राज्य में अभी कोरोना जांच काफी कम हो रही है, ऐसे में पॉजिटिव मरीजों की वास्तविक संख्या बताना संभव नहीं है। कोर्ट ने मामले पर आगामी 30 जुलाई को सुनवाई करने का आदेश दिया।

अदालत ने सम्भावित तीसरी लहर के बारे में सरकार की ओर से ठोस जानकारी नहीं दिए जाने पर भी सवाल उठाया। अदालत ने कहा कि तीसरी लहर से लड़ने के लिए अभी से ही तैयारी करनी होगी। कोर्ट ने कहा कि जिलावार अस्पतालों में कोरोना तथा गैर कोरोना मरीजों के इलाज की क्या तैयारी की जा रही हैं, ऑक्सीजनयुक्त बेड कितने हैं, की जानकारी राज्य सरकार दे।

वहीं, बिहटा स्थित ईएसआई अस्पताल को भी सम्भावित तीसरी लहर से निपटने के लिए की जा रही तैयारी का पूरी जानकारी देने का आदेश दिया। कोर्ट ने करोना महामारी की संभावित तीसरी लहर को नियंत्रित करने के लिए क्या कार्रवाई की जा रही है, के बारे में भी जवाब देने का आदेश दिया है।