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हाई कोर्ट ने निर्माण कंपनी से पूछा- रांची सदर अस्पताल में कितने दिनों में होगी ऑक्सीजन स्टोरेज टैंक की व्यवस्था

Devesh Ananad
By Devesh Ananad On 05 May, 2021
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Ranchi: हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस डॉ रवि रंजन व जस्टिस एसएन प्रसाद की अदालत ने सदर अस्पताल में ऑक्सीजनयुक्त बेड शुरु होने में देरी पर फिर एक बार नाराजगी जाहिर की है और निर्माण करने वाली कंपनी से कहा है कि यदि दस दिनों में काम पूरा नहीं हुआ, तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

अदालत ने कंपनी से गुरुवार को यह बताने को कहा है कि अस्पताल में ऑक्सीजनयुक्त बेड के लिए स्टोरेज टैंक की व्यवस्था कितने दिनों में होगी। हाईकोर्ट में सदर अस्पताल की स्थिति में सुधार के लिए दायर विभिन्न याचिकाओं पर बुधवार को सुनवाई हो रही थी। सुनवाई के दौरान निर्माण कंपनी की ओर से बताया गया कि सरकार ने 30 जून तक काम पूरा करने का निर्देश दिया है।

एक माह में ऑक्सीजनयुक्त बेड का निर्माण पूरा कर लिया जाएगा। अदालत ने कहा कि मुश्किल की इस घड़ी में युद्धस्तर पर काम करने की जरूरत है। लेकिन कंपनी धीमी रफ्तार से काम कर रही है। सभी को संवेदनशील होने की जरूरत है। अदालत ने कंपनी को गुरुवार को यह बताने को कहा कि अस्पताल ऑक्सीजन स्टोरेज टैंक की व्यवस्था कितने दिनों में होगी।

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अदालत ने सेल और केंद्र सरकार को भी इस मामले में हस्तक्षेप करने का निर्देश दिए। सेल के बोकारो स्टील प्लांट और केंद्र सरकार से यह बताने को कहा है कि वे ऑक्सीजन स्टोरेज टैंक की वैकल्पिक व्यवस्था कर सकते हैं या नहीं। किराए पर उलब्ध कराया जा सकता है या नहीं। मामले की सुनवाई गुरुवार को भी होगी।

सदर अस्पताल की व्यवस्था में सुधार लाने के लिए हाईकोर्ट में याचिका दायर की गयी थी। इस मामले में सदर अस्पताल के नए भवन में 300 बेड का अस्पताल दिसंबर 20 तक ही शुरु करने की बात सरकार ने कहा थी। लेकिन बाद में लॉकडाउन का हवाला देते हुए काम पूरा करने की अवधि 30 जून तक सरकार ने बढ़ा दी।

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इस बीच कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर के बाद हाईकोर्ट ने निर्माण कंपनी को ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड का काम जल्द पूरा कर को कहा था, ताकि समय पर मरीजों का इलाज हो सके, लेकिन अभी तक यह काम पूरा नहीं हो सका है।

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देवेश आनंद को पत्रकारिता जगत का 15 सालों का अनुभव है। इन्होंने कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थान में काम किया है। अब वह इस वेबसाइट से जुड़े हैं।

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