Ranchi: सिविल कोर्ट रांची के प्रधान न्यायायुक्त एके मिश्रा नंबर-1 की अदालत ने ब्लैकमेल कर महिला से बलात्कार करने के जुर्म में जेल में बंद आरोपी राहुल कुमार सिंह को जमानत देने से इनकार किया है। वह नगड़ी थाने में दर्ज दुष्कर्म के मामले में 19 मार्च 2025 से न्यायिक हिरासत में है। उस पर साल 2022 में फेसबुक के माध्यम से महिला से दोस्ती की। इसके बाद चैट का आधार बनाकर महिला का ब्लैकमेल कर 17 फरवरी 2024 को मेन रोड स्थित एक होटल में ले जाकर जबरन दुष्कर्म किया। साथ ही धमकी दी कि अगर इसका खुलासा करोगी तो तुम्हारे पति और बच्चों को नुकसान होगा। अदालत ने कहा कि याचिकाकर्ता के विरुद्ध लगाए गए आरोप गंभीर और पीड़िता की गरिमा को ठेस पहुंचाने वाले हैं। होटल के दस्तावेज भी अभियोजन पक्ष की बात की पुष्टि करते हैं। चूंकि मुख्य गवाहों की जांच अभी बाकी है, इसलिए इस स्तर पर जमानत नहीं दी जा सकती।
इस आधार पर अदालत ने राहुल कुमार सिंह की जमानत याचिका कर दी खारिज
पीड़िता द्वारा नगरी थाना प्रभारी को संबोधित लिखित आवेदन में अभियोजन पक्ष का मामला संक्षेप में यह है कि वर्ष 2022 में उसने फेसबुक के माध्यम से याचिकाकर्ता के साथ दोस्ती की और इस दौरान, याचिकाकर्ता ने धमकी देकर ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया कि वह उसके पति को सभी चैट और कॉल डिटेल्स दिखा देगा। इसके अलावा, उसने आरोप लगाया कि 17.02.24 को धमकी देकर याचिकाकर्ता ने उसे गुटुवा ओवर ब्रिज पर बुलाया और वहां से याचिकाकर्ता उसे दिविशा होटल मरीना, मेन रोड, रांची ले आया और कमरा नंबर 524 में उसके साथ जबरन बलात्कार किया और उसके गहने 4,000 रुपए भी छीन लिए और धमकी दी कि वह ये सब किसी को न बताए, अन्यथा वह उसके पति और बच्चों को नुकसान पहुंचाएगा। इसके अलावा, उसने आरोप लगाया कि भय और सामाजिक प्रतिष्ठा को ठेस पहुँचाने के कारण, सूचक शांत रहा और उसने सभी चैट वगैरह डिलीट कर दीं। साथ ही, उसने आरोप लगाया कि 26.07.24 को, याचिकाकर्ता द्वारा भेजे गए दो व्यक्ति उसके पति के पास आए और उसे सूचक की सभी चैट और कॉल्स दिखाकर उसे अपनी पत्नी/सूचक से संबंध तोड़ने की धमकी दी। तदनुसार, एफआईआर दर्ज की गई है।

