
झारखंड हाईकोर्ट को नया मुख्य न्यायाधीश (Chief Justice) मिल गया है। हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट के वरिष्ठतम न्यायाधीश जस्टिस तरलोक सिंह चौहान को झारखंड हाईकोर्ट का नया मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया गया है। इस संबंध में सोमवार को राष्ट्रपति द्वारा अधिसूचना जारी की गई। वहीं, वर्तमान मुख्य न्यायाधीश जस्टिस एम.एस. रामचंद्र राव का तबादला त्रिपुरा हाईकोर्ट कर दिया गया है।
जस्टिस तरलोक सिंह चौहान: परिचय और न्यायिक यात्रा
- जन्म और शिक्षा:
जस्टिस चौहान ने अपनी स्कूली शिक्षा शिमला से पूरी की और इसके बाद पंजाब यूनिवर्सिटी, चंडीगढ़ से कानून की पढ़ाई की। - कानूनी करियर की शुरुआत:
वर्ष 1989 में हिमाचल प्रदेश बार काउंसिल में एडवोकेट के तौर पर निबंधन कराया। उन्होंने दीवानी, आपराधिक, संवैधानिक, श्रम और सेवा मामलों में गहरी विशेषज्ञता हासिल की। - न्यायिक पद पर नियुक्ति:
वर्ष 2014 में हाईकोर्ट के अतिरिक्त न्यायाधीश के रूप में पदोन्नत हुए और उसी वर्ष स्थायी न्यायाधीश के रूप में उनकी नियुक्ति हुई।
जस्टिस चौहान को सुव्यवस्थित निर्णय, न्यायिक अनुशासन और पारदर्शिता के लिए जाना जाता है।
झारखंड हाईकोर्ट में नेतृत्व परिवर्तन
झारखंड हाईकोर्ट के पूर्व चीफ जस्टिस एम.एस. रामचंद्र राव ने 25 सितंबर 2024 को इस पद की शपथ ली थी। उनके कार्यकाल में अदालत में कई महत्वपूर्ण जनहित याचिकाओं और संवैधानिक मामलों की सुनवाई हुई। अब उनका स्थानांतरण त्रिपुरा हाईकोर्ट कर दिया गया है।राज्य के विधिक समुदाय और अधिवक्ताओं ने जस्टिस चौहान की नियुक्ति का स्वागत किया है। उनका मानना है कि उनके अनुभव और न्यायिक दृष्टिकोण से झारखंड हाईकोर्ट में न्यायिक प्रक्रिया को नई दिशा मिलेगी।
झारखंड हाईकोर्ट को नया मुख्य न्यायाधीश (Chief Justice) मिल गया है। हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट के वरिष्ठतम न्यायाधीश जस्टिस तरलोक सिंह चौहान को झारखंड हाईकोर्ट का नया मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया गया है। इस संबंध में सोमवार को राष्ट्रपति द्वारा अधिसूचना जारी की गई। वहीं, वर्तमान मुख्य न्यायाधीश जस्टिस एम.एस. रामचंद्र राव का तबादला त्रिपुरा हाईकोर्ट कर दिया गया है।जस्टिस तरलोक सिंह चौहान: परिचय और न्यायिक यात्राझारखंड हाईकोर्ट में नेतृत्व परिवर्तन