Ranchi: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष नेता राहुल गांधी 6 अगस्त 2025 को चाईबासा के एमपी -एमएलए के विशेष न्यायिक दंडाधिकारी सुप्रिया रानी तिग्गा की अदालत में सशरीर पेश हुए। पेशी के साथ उनकी ओर से जमानत याचिका दाखिल की गई। जिस पर सुनवाई पश्चात अदालत ने सशर्त जमानत की सुविधा प्रदान कर दी है। उनकी ओर से कहा गया कि मामले में सहयोग करेंगे। वह झारखंड हाईकोर्ट के आदेश के आलोक में चाईबासा कोर्ट में पेश हुए। उसके खिलाफ 2018 में चाईबासा के भाजपा नेता प्रताप कटिहार ने एमपी एमएलए कोर्ट में एक मामला दर्ज कराया था। दर्ज मामले में कहा गया था कि भाजपा नेता अमित शाह के खिलाफ राहुल गांधी ने गलत बयानबाजी की थी।
इस बारे में झारखंड हाईकोर्ट ने 10 जून को निर्देश दिया था। हाईकोर्ट ने यह निर्देश राहुल गांधी की उस याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया था जिसमें 26 जून को चाईबासा कोर्ट में पेश होने के निर्देश को चुनौती दी गई थी। इससे पहले चाईबासा एमपी-एमएलए कोर्ट की ओर से राहुल गांधी को 26 जून को उपस्थिति दर्ज कराने का आदेश दिया गया था। अदालत में राहुल गांधी के अधिवक्ता की ओर से 26 जून की जगह 6 अगस्त को पेश होने की छूट देने का आग्रह किया गया था। इस पर हाईकोर्ट ने सहमति जताते हुए 6 अगस्त को पेश होने का निर्देश दिया था। यहां बता दें कि बीते शनिवार को झारखंड के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष राजेश ठाकुर ने चाईबासा व्यवहार न्यायालय में पहुंचकर मामले की जानकारी ली और 6 अगस्त को राहुल गांधी के चाईबासा न्यायालय में आने की बात कही। आखिरकार राहुल गांधी को चाईबासा कोर्ट में पेश होना पड़ा।