high court news

HC News: पलामू हिरासत मौत मामले में हाईकोर्ट सख्त, मेडिकल रिकॉर्ड में हेरफेर पर जताई नाराजगी

CourtNews Desk
By CourtNews Desk On 11 May, 2026
1 min read • 1.2k views
WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
HC News: पलामू हिरासत मौत मामले में हाईकोर्ट सख्त, मेडिकल रिकॉर्ड में हेरफेर पर जताई नाराजगी
WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

Ranchi News:पलामू के चर्चित हिरासत में मौत मामले में झारखंड हाईकोर्ट ने सोमवार को सुनवाई पूरी कर फैसला सुरक्षित रख लिया। सुनवाई के दौरान जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद और जस्टिस अनुभा रावत चौधरी की खंडपीठ ने मेडिकल रिकॉर्ड में कथित हेरफेर को लेकर गंभीर नाराजगी जताई और साफ कहा कि मामले में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। मामले की सुनवाई के दौरान मेदिनीराय मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (एमएमसीएच) के सुपरिटेंडेंट, डिप्टी सुपरिटेंडेंट और ड्यूटी डॉक्टर अदालत में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित हुए। अदालत ने मेडिकल रिपोर्ट से जुड़े मूल रजिस्टर को तलब किया। रिकॉर्ड के अवलोकन के दौरान खंडपीठ ने पाया कि रजिस्टर में कई जगह ओवरराइटिंग और काट-छांट के संकेत दिखाई दे रहे हैं। इस पर अदालत ने अधिकारियों से पूछा कि मेडिकल रिकॉर्ड में कथित बदलाव और ओवरराइटिंग क्यों की गई, लेकिन अस्पताल प्रशासन की ओर से कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया जा सका।

See also  Jharkhand News/Naxal Case: 17 साल पुराने मुठभेड़ मामले में पुलिस का सबूत फेल, नक्सली कुंदन पाहन और राम मोहन को कोर्ट ने किया बरी

अदालत ने कड़ी टिप्पणी करते हुए कहा कि यदि अधिकारी रिकॉर्ड में हुई गड़बड़ी का जवाब देने में सक्षम नहीं हैं, तो अदालत मामले में दोषी पाए जाने वाले सभी लोगों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित करेगी। सुनवाई के दौरान अदालत को बताया गया कि 1 मार्च 2025 को महफूज अहमद नामक युवक को नवाबाजार क्षेत्र से पुलिस हिरासत में लिया गया था। आरोप है कि हिरासत में उसके साथ बेरहमी से मारपीट की गई। बाद में पुलिस ने उसके खिलाफ पांकी थाना में प्राथमिकी दर्ज कर उसे सीजेएम कोर्ट, पलामू में पेश किया, जहां से पुलिस रिमांड भी लिया गया। मामले में यह तथ्य भी अदालत के समक्ष आया कि पुलिस ने कोर्ट में अस्पताल का एक प्रमाणपत्र प्रस्तुत किया था, जिसमें घायल होने के बावजूद युवक को “फिट फॉर कस्टडी” बताया गया था। इसी मेडिकल प्रमाणपत्र और उससे जुड़े रिकॉर्ड की सत्यता को लेकर हाईकोर्ट ने गहन जांच की। मामले को लेकर अदालत की सख्त टिप्पणी के बाद अब सबकी नजर सुरक्षित फैसले पर टिकी हुई है। यह मामला हिरासत में मानवाधिकार, पुलिस कार्रवाई और मेडिकल जवाबदेही को लेकर राज्य में गंभीर बहस का विषय बना हुआ है।

See also  Ranchi: डालसा ने लाला लाजपत राय स्कूल के विद्यार्थियों को नशाखोरी के खिलाफ किया जागरूक, चलाया अभियान

CourtNews Desk

1,848 articles published
WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
CourtNews Desk

CourtNews Desk

Bringing you the latest news and in-depth analysis from around the world.

Leave a Comment