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Court News: 631 किलो डोडा तस्करी में दोषी तमिलनाडू के युवक के. सारथ कुमार को 20 साल का कठोर कारावास

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By CourtNews Desk On 10 Sep, 2026
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  • एनडीपीएस कोर्ट ने दो अलग-अलग धाराओं में सुनाई 20-20 साल की सजा, लगा 4 लाख रुपये का जुर्माना

  • कोर्ट का कड़ा रुख: मादक पदार्थों की तस्करी युवाओं और समाज को कर रही है बर्बाद

  • फैसले में आदेश: तस्करी में प्रयुक्त पिकअप वाहन जब्त, बरामद डोडा को नष्ट करने का निर्देश

Ranchi News: एनडीपीएस (NDPS) मामलों के विशेष न्यायाधीश अनिल कुमार मिश्रा (No.-1) की अदालत ने 631 किलोग्राम अवैध डोडा (पॉपी स्ट्रॉ) की तस्करी के 18 महीने पुराने मामले में अंतिम फैसला सुनाते हुए तमिलनाडु निवासी अभियुक्त के. सारथ कुमार को दोषी करार देते हुए 20 साल के कठोर कारावास (RI) की सजा सुनाई है। अदालत ने अभियुक्त को एनडीपीएस एक्ट की धारा 15(c) और धारा 25 के तहत दोषी पाया है। न्यायालय ने दोनों धाराओं के तहत अलग-अलग 20-20 साल की सजा और 2-2 लाख रुपये (कुल 4 लाख रुपये) का जुर्माना लगाया है। जुर्माना न अदा करने की स्थिति में अभियुक्त को प्रत्येक धारा के लिए 6-6 महीने का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा। हालांकि, अदालत ने अपने आदेश में स्पष्ट किया है कि दोनों सजाएं एक साथ (Concurrently) चलेंगी। साथ ही, अभियुक्त द्वारा विचारण (Trial) के दौरान जेल में बिताई गई 1 वर्ष 5 माह और 16 दिनों की अवधि को मुख्य सजा में समायोजित (Set-off) किया जाएगा।

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खूंटी से कोलकाता ले जाया जा रहा था डोडा मामला 20 मार्च 2025 का है। खूंटी-रांची रिंग रोड पर भुसुर चौक के पास नामकुम (खरसीदाग ओपी) पुलिस और बुंडू एसडीपीओ ओम प्रकाश के नेतृत्व में छापेमारी टीम ने नाकाबंदी कर एक पिकअप वाहन (TN11AM-9163) को रोका था। तलाशी लेने पर वाहन के भीतर से 40 प्लास्टिक की बोरियों में बंद कुल 631 किलो अवैध डोडा बरामद किया गया। पूछताछ में चालक सह वाहन मालिक के. सारथ कुमार ने स्वीकार किया था कि वह डोडा को खूंटी के अकटा गांव से लोड कर कोलकाता ले जा रहा था। इस काम के लिए उसे 20,000 रुपये में डील हुई थी।

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अदालत की सख्त टिप्पणी और निर्देश सुनवाई के दौरान विशेष लोक अभियोजक (Spl. PP) मिनी लकड़ा ने आरोपी के खिलाफ अधिकतम सजा की मांग की, जबकि बचाव पक्ष के अधिवक्ता अजय कुमार ने आरोपी की कम उम्र और प्रथम अपराध का हवाला देते हुए राहत की अपील की। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद टिप्पणी की कि बरामद डोडा की मात्रा व्यावसायिक सीमा (Commercial Quantity) से काफी अधिक है और मादक पदार्थों का अवैध व्यापार समाज एवं युवा पीढ़ी को गहराई से प्रभावित कर रहा है।

अदालत ने धारा 60/63 एनडीपीएस एक्ट के तहत तस्करी में इस्तेमाल पिकअप वाहन को जब्त (Confiscate) करने और बरामद 631 किलो डोडा को ‘ड्रग डिस्पोजल कमेटी’ की देखरेख में नियमानुसार नष्ट करने का आदेश दिया है। इसके अलावा, अभियुक्त को भविष्य में ऐसे अपराधों से दूर रहने के लिए 1 लाख रुपये का पर्सनल बॉन्ड दाखिल करने का भी निर्देश दिया गया है।

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फैसले के प्रमुख बिंदु

  • मुख्य आरोपी: के. सारथ कुमार (निवासी: तिरुवल्लूर, तमिलनाडु)।

  • बरामदगी: 40 बोरियों में कुल 631 किलोग्राम अवैध डोडा (पॉपी स्ट्रॉ)।

  • सजा का आदेश: एनडीपीएस एक्ट की धारा 15(c) और 25 में 20-20 साल का कठोर कारावास।

  • कुल जुर्माना: ₹4,00,000 (दोनों धाराओं में ₹2-2 लाख); न देने पर 12 माह (6+6 माह) की अतिरिक्त सजा।

  • सजा की स्थिति: दोनों सजाएं एक साथ चलेंगी; वास्तविक कारावास 20 वर्ष होगा।

  • अतिरिक्त आदेश: वाहन (TN11AM-9163) जब्त, डोडा नष्ट करने का निर्देश और ₹1 लाख का सिक्योरिटी बॉन्ड।

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