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HC News: 11वीं-13वीं जेपीएससी और फूड सेफ्टी ऑफिसर की नियुक्ति रद्द करने के आदेश पर हाईकोर्ट की रोक

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By CourtNews Desk On 20 Aug, 2026
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कोर्ट ने कहा- 40% गड़बड़ी के लिए 60% चयनित अभ्यर्थियों को सजा नहीं दी जा सकती, 15 सितंबर तक सरकार से जवाब

Ranchi News: झारखंड हाईकोर्ट ने 11वीं से 13वीं जेपीएससी सिविल सेवा परीक्षा और फूड सेफ्टी ऑफिसर की नियुक्ति रद्द करने के राज्य सरकार के आदेश पर फिलहाल रोक लगा दी है। न्यायमूर्ति दीपक रोशन की अदालत ने तीन अलग-अलग याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए चयनित अभ्यर्थियों को वापस काम पर लेने का निर्देश दिया। अदालत ने राज्य सरकार और जेपीएससी से जवाब मांगा है। मामले की अगली सुनवाई 15 सितंबर को होगी।

नियुक्ति रद्द करने से पहले नहीं अपनाई गई उचित प्रक्रिया

याचिकाकर्ताओं की ओर से दलील दी गई कि चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद नियुक्ति दी गई और अभ्यर्थियों ने अपने पद पर काम भी शुरू कर दिया। बाद में सरकार ने 18 अगस्त की रात अधिसूचना जारी कर नियुक्तियां रद्द कर दीं। अदालत ने प्रथमदृष्टया कहा कि नैसर्गिक न्याय के सिद्धांत के तहत उचित प्रक्रिया अपनाए बिना नियुक्त कर्मियों को हटाया नहीं जा सकता। कोर्ट ने नियुक्ति रद्द करने के आदेश पर अगले आदेश तक रोक लगा दी।

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40 प्रतिशत गड़बड़ी पर सरकार की दलील

सुनवाई के दौरान राज्य सरकार की ओर से बताया गया कि सीआईडी जांच में अब तक करीब 40 प्रतिशत गड़बड़ी के तथ्य सामने आए हैं और जांच अभी जारी है। सरकार ने इसी आधार पर संबंधित परीक्षाओं और नियुक्तियों को रद्द करने का पक्ष रखा। इस पर हाईकोर्ट ने महत्वपूर्ण टिप्पणी करते हुए कहा कि अगर 40 प्रतिशत में गलती मिली है तो उसकी वजह से 60 प्रतिशत अभ्यर्थियों को सजा नहीं दी जा सकती। अदालत ने जांच में सामने आए गड़बड़ी के मामलों को फास्ट ट्रैक कोर्ट में ले जाने की बात भी कही।

सोनम कुमारी ने कहा- दूसरी नौकरी छोड़कर यहां किया था योगदान

11वीं से 13वीं जेपीएससी सिविल सेवा परीक्षा से जुड़ी याचिका में सोनम कुमारी ने बताया कि उन्होंने दूसरी जगह की नौकरी छोड़कर इस पद पर योगदान दिया था। उन्हें 24 नवंबर 2025 को नियुक्ति पत्र मिला था और उन्होंने प्रशिक्षण भी पूरा किया। इसी बीच सरकार ने 18 अगस्त को अधिसूचना जारी कर नियुक्ति रद्द कर दी। दो याचिकाओं में दीपमाला एवं अन्य तथा सोनम कुमारी ने जेपीएससी सिविल सेवा परीक्षा विज्ञापन संख्या 1/2024 की नियुक्ति रद्द करने के सरकार के आदेश को चुनौती दी है।

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फूड सेफ्टी ऑफिसर की नियुक्ति भी चुनौती के घेरे में

तीसरी याचिका में सौरव सिंह एवं अन्य ने जेपीएससी की ओर से आयोजित फूड सेफ्टी ऑफिसर परीक्षा, विज्ञापन संख्या 18/2023, के आधार पर हुई नियुक्ति रद्द करने के सरकार के आदेश को चुनौती दी है। याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता इंद्रजीत सिन्हा, अमृतांश वत्स, प्रेरणा झुनझुनवाला और पीएएस पति ने पक्ष रखा।

18 अगस्त को सरकार ने जारी किया था बड़ा आदेश

सीआईडी जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर राज्य सरकार ने 18 अगस्त की देर रात टीडीपीएल से जुड़े मामलों वाली परीक्षाओं समेत कई नियुक्ति प्रक्रियाओं पर कार्रवाई की घोषणा की थी। इसके बाद कार्मिक, प्रशासनिक सुधार तथा राजभाषा विभाग की ओर से अधिसूचना जारी की गई। इसमें 22 परीक्षाओं को रद्द करने, छह परीक्षाओं की प्रक्रिया स्थगित करने और 17 परीक्षाओं को जांच के दायरे में रखने की बात कही गई थी। हाईकोर्ट के अंतरिम आदेश से फिलहाल 11वीं से 13वीं जेपीएससी और फूड सेफ्टी ऑफिसर के चयनित अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिली है। मामले में अब 15 सितंबर को राज्य सरकार और जेपीएससी के जवाब के बाद आगे की सुनवाई होगी।

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