Ranchi News: रांची/देवघर : देवघर के चर्चित आलोक कुमार हत्याकांड मामले में मंगलवार को झारखंड हाईकोर्ट में न्यायमूर्ति संजय कुमार द्विवेदी की अदालत में सुनवाई हुई। मामले में सूचक और मृतक के बड़े भाई आशुतोष कुमार की ओर से सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता शिशिर राज ने पक्ष रखा। अधिवक्ता शिशिर राज ने अदालत को बताया कि इस कांड के नामजद आरोपी राहुल चंद्रवंशी, जो झामुमो के देवघर जिला युवा प्रकोष्ठ के अध्यक्ष हैं, को अब तक पुलिस गिरफ्तार नहीं कर सकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक प्रभाव के कारण गिरफ्तारी नहीं हो पा रही है। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए केस डायरी तलब की है और अगली सुनवाई 9 मार्च को निर्धारित की है। घटना 9 दिसंबर 2025 का है। आरोपी के खिलाफ देवघर टाउन थाना कांड संख्या 547/2025 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 281, 103 और 61(1)(b) के अंतर्गत मामला दर्ज है।
सत्र न्यायालय में चंद्रवंशी की अग्रिम जमानत याचिका 12 जनवरी 2026 को खारिज हो चुकी है। इसके बाद उन्होंने हाईकोर्ट में ABA No. 553/2026 दाखिल किया, जिस पर आज सुनवाई हुई। अधिवक्ता ने कोर्ट को बताया कि घटना के कई प्रत्यक्षदर्शी मौजूद हैं और पूरी वारदात स्कूल के सीसीटीवी कैमरे में कैद है। केस डायरी में भी यह साक्ष्य दर्ज है। यह भी आरोप लगाया गया कि आरोपी ने अपने लाइसेंसी पिस्टल से स्कूल के नाइट गार्ड को धमकाया और घायल आलोक कुमार को अस्पताल ले जाने से रोका। उल्लेखनीय है कि पुलिस कार्रवाई न होने के विरोध में 23 दिसंबर 2025 को आशुतोष कुमार के नेतृत्व में शांतिपूर्ण देवघर बंद का आयोजन भी किया गया था।

