Ranchi News: झारखंड पुलिसकर्मियों के ग्रेड पे विसंगति मामले में झारखंड हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को 12 सप्ताह के भीतर निर्णय लेने का निर्देश दिया है। जस्टिस आनंद सेन की अदालत ने झारखंड पुलिस मेन्स एसोसिएशन और अन्य तीन याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए यह आदेश पारित किया। अदालत ने कहा कि मामला मूल रूप से प्रतिनिधित्व पर निर्णय से जुड़ा है। इसलिए याचिकाकर्ता अपना विस्तृत आवेदन गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग के सचिव के समक्ष प्रस्तुत करें।
कोर्ट ने विभाग को निर्देश दिया कि प्राप्त अभ्यावेदन पर नियम के अनुसार निर्णय लिया जाए। यदि ग्रेड पे में विसंगति पाई जाती है, तो उसे ठीक किया जाए और यदि दावा स्वीकार्य न हो, तो कारणों सहित अस्वीकृति आदेश जारी किया जाए। याचिका में यह भी बताया गया कि उप महानिरीक्षक (कार्मिक) ने 23 मई 2025 को जारी पत्र के माध्यम से इस विषय पर गृह विभाग को अनुशंसा भेज दी थी, लेकिन अब तक उस पर कोई निर्णय नहीं हुआ है।
याचिकाकर्ताओं का पक्ष
याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता मनोज टंडन एवं सिद्धार्थ रंजन ने कोर्ट को बताया कि:
- पुलिसकर्मियों को पहला MACP ₹2800 ग्रेड पे में
- और दूसरा MACP ₹4200 ग्रेड पे में दिया जाना चाहिए
लेकिन वर्तमान में उन्हें ₹2400 और ₹2800 ग्रेड पे दिया जा रहा है, जो स्पष्ट विसंगति है।

