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सूर्यास्त के बाद निजी विमान उड़ाने के मामले में सांसद निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी को सुप्रीम कोर्ट की नोटिस

Devesh Ananad
By Devesh Ananad On 18 Jul, 2023
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Ranchi: सुप्रीम कोर्ट ने देवघर हवाई अड्डे से ATC पर दबाव बनाकर शाम के समय उड़ान भरने के विवाद पर भाजपा सांसद निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी सहित अन्य को नोटिस जारी किया है।

झारखंड सरकार की ओर से हाई कोर्ट के आदेश के खिलाफ दाखिल एसएलपी पर सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस अभय एस ओका और जस्टिस संजय करोल की पीठ में सुनवाई हुई।

अदालत ने इस मामले में गोड्डा सांसद निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। झारखंड हाई कोर्ट ने 13 मार्च 2023 को इससे संबंधित विवाद में दर्ज प्राथमिकी को निरस्त कर दिया था।

निशिकांत दुबे पर दबाव बनाने का आरोप

सरकार ने इनके खिलाफ शाम के समय उड़ाने भरने के लिए एटीसी पर दबाव बनाने के मामले में निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी सहित अन्य के खिलाफ प्राथमिकी देवघर में प्राथमिकी दर्ज कराई था।

हाई कोर्ट के आदेश के खिलाफ झारखंड सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में एसएलपी दाखिल की है। इन पर आरोप है कि इन्होंने अगस्त 2022 में देवघर हवाई अड्डे पर सुरक्षा नियमों का उल्लंघन किया।

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एटीसी पर शाम में निजी विमान को उड़ान भरने के लिए दबाव बनाया था। सुनवाई के दौरान सरकार ने कहा कि अभी इस मामले की जांच चल रही थी, तभी हाई कोर्ट ने अपना निर्णय सुना दिया।

इस मामले की जांच में पाया है कि एटीसी ने कम दृश्यता होने के कारण उड़ान भरने की अनुमति देने से मना कर दिया था। लेकिन निशिकांत दुबे ने निजी विमान के उड़ान के लिए एटीसी के अधिकारियों पर दबाव बनाया था।

सरकार ने अदालत को यह भी बताया कि निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी ने सुरक्षा नियमों का उल्लंघन किया था। जबकि दोनों सांसद हैं और मनोज तिवारी नागरिक उड्डयन की स्थायी समिति के सदस्य हैं।

हाई कोर्ट ने खारिज की थी प्राथमिकी

झारखंड हाई कोर्ट के जस्टिस संजय कुमार द्विवेदी की अदालत ने इस मामले में सांसद निशिकांत दुबे, उनके दोनों बेटे और मनोज तिवारी सहित अन्य के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी को निरस्त कर दिया था।

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अदालत ने अपने आदेश में कहा था कि शाम के समय उड़ा भरने में नियमों के उल्लंघन को लेकर आईपीसी के तहत प्राथमिकी दर्ज नहीं की जा सकती है। इसके लिए विमानन अधिनियम लागू होगा। इसकी शिकायत डीजीसीए से की जा सकती है।

निशिकांत दुबे की ओर से पक्ष रखते हुए उनके अधिवक्ता प्रशांत पल्लव ने हाई कोर्ट को बताया था कि नियमानुसार सूर्यास्त के आधे घंटे तक विमान उड़ान भर सकता है। 31 अगस्त 2022 को 6.07 बजे सूर्यास्त हुआ था।

निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी को दिल्ली ले जाने वाले निजी विमान ने 6.17 मिनट पर उड़ान भरी थी। ऐसे में नियमों का कोई उल्लंघन नहीं हुआ है। इसके अलावा इस मामले में आईपीसी के तहत प्राथमिकी पुलिस दर्ज नहीं कर सकती है।

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देवेश आनंद को पत्रकारिता जगत का 15 सालों का अनुभव है। इन्होंने कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थान में काम किया है। अब वह इस वेबसाइट से जुड़े हैं।

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