Ranchi: झारखंड हाई कोर्ट के जस्टिस आनंद सेन की अदालत ने सरफेसी एक्ट के तहत बैंक को कब्जा दिलाने के आदेश का पालन नहीं करने पर कड़ी नाराजगी जताते हुए रामगढ़ उपायुक्त को तलब किया है।अदालत ने उपायुक्त को मंगलवार को अदालत में उपस्थित होने का आदेश दिया है।
पूर्व में अदालत ने रामगढ़ उपायुक्त को बैंक को उक्त संपत्ति पर कब्जा दिलाने का आदेश दिया था, लेकिन उनकी अभी तक कोर्ट के आदेश का पालन नहीं किया गया है। यह मामला रामगढ़ के मांडू क्षेत्र का है।
आलोक इंटरप्राइज के एसपी सिंह ने बैंक आफ बडौदा से लोन लिया था। लोन नहीं दिए जाने पर बैंक ने उक्त संपत्ति को सरफेसी एक्ट के तहत कब्जा कराने के लिए उपायुक्त को पत्र लिखा था। कब्जा नहीं दिलाए जाने के बाद बैंक की ओर से हाई कोर्ट में याचिका दाखिल की गई थी।
प्रार्थी बैंक आफ बड़ौदा की ओर से अधिवक्ता पीएएस पति ने अदालत को बताया कि सरफेसी एक्ट की धारा 14 के तहत संपत्ति को सील तो कर दिया गया, लेकिन उसका कब्जा बैंक को नहीं सौंपा गया।
20 जुलाई 2026 को जिला प्रशासन के अधिकारी के मौके पर मौजूद रहने के बाद भी पूरे दिन संपत्ति का कब्जा बैंक के अधिकृत अधिकारी को नहीं सौंपा गया। जिला प्रशासन के अधिकारी ने बैंक को कर्जदार के साथ लोन सेटलमेंट करने और कब्जा लेने पर जोर नहीं देने का सुझाव दिया था।
पिछली सुनवाई के दौरान अदालत ने इस दलील को गंभीरता से लेते हुए उपायुक्त, रामगढ़ को स्वयं यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि उक्त संपत्ति का कब्जा बैंक को सौंपा जाए। लेकिन अभी तक कब्जा नहीं दिए जाने पर कोर्ट ने कड़ी नाराजगी जताते हुए रामगढ़ एसपी को तलब किया है।

